पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन, बुधवार को होगा अंतिम संस्कार

देहरादून: उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी ने देहरादून के मैक्स अस्पताल में अंतिम सांसे ली। उनके निधन के बाद हर कोई उन्हें याद कर रहा है। आम से लेकर खास लोग तक उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए उनके बसंत बिहार स्थित पहुंच रहे हैं। सीएम धामी समेत कई कैबिनेट मंत्रियों ने भुवन चंद्र खंडूड़ी को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान सभी ने उनके पुत्र मनीष खंडूड़ी, ऋतु खंडूड़ी को ढांढस बंधाया। खंडूड़ी का अंतिम संस्कार बुधवार को हरिद्वार में होगा।

भुवन चंद्र खंडूड़ी के पुत्र मनीष खंडूड़ी देश और विदेश में IT सेक्टर के एक बड़े प्रोफेशनलिस्ट रह चुके हैं। हाल के कुछ सालों में उन्होंने राजनीति में भी हाथ आजमाया। आखिरी समय में भी वे अपने पिता के बेहद करीब थे। पिता के अंतिम समय में वे काफी भावुक नज़र आए। मनीष ने कहा कि ‘यह मेरा सौभाग्य है कि भुवन चंद्र खंडूड़ी मेरे पिता थे। लोग उनकी बातें करते हैं, मगर मैनें उन्हें जीया है।
मनीष खंडूड़ी ने कहा उनके पिता पर ईश्वर की कृपा रही है, लोगों ने बहुत प्यार दिया। उन्होंने एक लंबा जीवन जिया। मनीष बताते हैं कि लोग उनके अनुशासन और सख्त व्यक्तित्व की बाते करते हैं, मगर उन्होंने अपने पिता को एक कोमल हृदय वाले व्यक्ति के रूप में हमेशा अपने पास पाया। उन्होंने बताया जब हम छोटे थे तो उनके अनुशासन से लगता था कि वो बहुत सख्त हैं, लेकिन जब दुनियादारी की समझ आई तो समझ आया की वो अंदर से बहुत सॉफ्ट हैं। उन्होंने कहा ‘ऐसे व्यक्तिव वाले लोग दुनिया में बहुत कम आते हैं।’ ऐसे में वो खुद को भाग्यशाली समझते हैं। उन्होंने कहा ‘मैं अपने पिता को देवता मानता हूं।’
वहीं, इसके अलावा पूर्व मुख्यमंत्री बीसी खंडूड़ी की बेटी ऋतु खंडूड़ी हैं। ऋतु खंडूड़ी वर्तमान में उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष हैं। उन्होंने कहा आज वो जो कुछ हैं अपने पिता की वजह से हैं। उन्होंने कहा उनके पिता ने बचपन से उनमें अनुशासन का बीज बोया है। इसके अलावा वे घर में हमेशा देशभक्ति की बातें करते थे। उन्होंने बताया कि पिता ने कहा था ‘जिस जिम्मेदारी को लो, उनको ईमानदारी से निभाओ, जो भी पद मिलता है या जगह आप अपने लिए बनाते हो उसको सार्थक करो।’
सीएम धामी ने घर पहुंचकर दी श्रद्धांजलि: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून स्थित बसंत विहार में पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी के आवास पहुंचकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। छत्तीसगढ़ प्रवास से देहरादून पहुंचने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री धामी सीधे स्वर्गीय खंडूडी के निवास पहुंचे। उन्होंने दिवंगत आत्मा को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उन्हें विनम्र नमन किया। मुख्यमंत्री ने कहा स्वर्गीय मेजर जनरल भुवन चंद्र खंड़ूड़ी का जीवन अनुशासन, राष्ट्रसेवा, ईमानदारी और जनकल्याण के मूल्यों का प्रेरणादायी उदाहरण रहा है.
भारतीय सेना में उत्कृष्ट सेवाएं देने के पश्चात उन्होंने राजनीति और सार्वजनिक जीवन में भी उच्च आदर्श स्थापित किए। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य के विकास, सुशासन और पारदर्शी प्रशासन को मजबूत आधार प्रदान करने में स्वर्गीय खंड़ूड़ी का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। उन्होंने अपने कार्यकाल में जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए राज्यहित में अनेक दूरदर्शी निर्णय लिए, जिनका लाभ आज भी प्रदेशवासियों को प्राप्त हो रहा है।
आज सभी स्कूल और कार्यालय बंद रहेंगे
देहरादून: उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूरी के आकस्मिक निधन पर राज्य सरकार ने तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया है। शासन के निर्देशों के अनुपालन में शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सभी शासकीय, अशासकीय एवं निजी शिक्षण संस्थानों और विभागीय कार्यालयों को 20 मई 2026 को बंद रखने के आदेश जारी किए हैं।
माध्यमिक शिक्षा एवं प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि 19 मई से 21 मई 2026 तक प्रदेश के सभी सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा तथा इस अवधि में कोई भी शासकीय मनोरंजन कार्यक्रम आयोजित नहीं किए जाएंगे।
पूर्व मुख्यमंत्री के सम्मान में 20 मई को उनकी अंत्येष्टि के दिन राज्य सरकार के समस्त कार्यालय बंद रहेंगे।
इसी क्रम में राज्य के सभी स्कूल, कॉलेज एवं शिक्षा विभाग के कार्यालय भी बंद रखे जाएंगे। शिक्षा विभाग ने सभी संस्थानों को शासन के निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।



