आईएएस अफसरों ने यूएचएसएमएएएस के छात्रों को जीवन में सफलता के दिए टिप्स, साझा किए अनुभव
यूएचएसएमएएएस ने "सिविल सेवा: प्रेरणादायक यात्राएं - सशक्त भविष्य" विषय पर राष्ट्रीय सम्मेलन का किया आयोजन

देहरादून: सोमवार को राजधानी देहरादून के कारगी रोड
स्थित, उत्तराखंड हेरिटेज स्कूल ऑफ मीडिया एंड एडवांस्ड स्टडीज (यूएचएसएमएएएस) की ओर से “सिविल सेवा: प्रेरणादायक यात्राएं – सशक्त भविष्य” विषय पर राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया गया। उत्तराखंड हेरिटेज मीडिया, सैंग्विन वी केयर वेलफेयर सोसाइटी, एबुलिएंट इंग्लिश इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट, ऑर्गेनिकन – ट्रूली जेन्युइन तथा आपका बिज़नेस सॉल्यूशन्स की कार्यक्रम में सहभागिता रही।

उत्तराखंड हेरिटेज मीडिया द्वारा यह आयोजन वर्ष 2017 से लगातार किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य छात्रों को सिविल सेवा के उत्कृष्ट अधिकारियों के जीवन अनुभवों से रूबरू कराना और उन्हें प्रेरणा देना है। इस अवसर पर विभिन्न स्कूलों से आए छात्रों ने कार्यक्रम में भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत यूएचएसएमएएएस की संस्थापक एवं निदेशक डॉ. कंचन नेगी के उद्घाटन भाषण से हुई। उन्होंने इस दिन के आयोजन के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा, “हम यह दिन इसलिए मनाते हैं ताकि हमारे युवा अधिकारीगण से मिलें। उनके अनुभवों से सीखें और देश सेवा के लिए प्रेरित हों। प्रेरणा ही बदलाव की पहली सीढ़ी है।”

पहले सत्र में आईएएस अधिकारी अपर सचिव आईटी नितिका खंडेलवाल ने अपनी प्रेरणादायक यात्रा साझा की। उन्होंने अपनी पहली पोस्टिंग से लेकर वर्तमान दायित्वों तक के अनुभवों को साझा किया और युवाओं को कड़ी मेहनत, समर्पण और आत्मविश्वास का संदेश दिया।

दूसरे सत्र में आईएफएस अधिकारी प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं CEO, उत्तराखंड कैम्पा डॉ. समीर सिन्हा ने अपने जीवन के अनुभवों और पर्यावरण संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने शासन व्यवस्था में प्रकृति की भूमिका को समझाते हुए युवाओं को नई सोच और दिशा दी।
तीसरे और अंतिम सत्र में पूर्व डीजीपी एवं राइट टू सर्विस कमीशन के आयुक्त अनिल रतूड़ी ने अपने बहुमूल्य अनुभवों से उपस्थितजनों को अवगत कराया। उन्होंने पुलिस सेवा में अपने वर्षों के अनुभवों से प्राप्त विचारोत्तेजक जानकारियाँ साझा कीं और छात्रों को सिविल सेवा, उसकी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि एवं महत्त्व के बारे में सरल और प्रभावशाली ढंग से समझाया।

यूएचएसएमएएएस के बर्सर डॉ. के.एस. नेगी ने सभी अतिथियों का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया और सत्र पूर्ण होने के पश्चात उन्हें प्रशंसा पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। वहीं, यूएचएसएमएएएस की सेंटर हेड सुशीला नेगी ने सभी अतिथियों को ऑर्गेनिकन – ट्रूली जेन्युइन के प्राकृतिक उत्पाद भेंट कर आभार प्रकट किया। कार्यक्रम के समापन पर डॉ. कंचन नेगी ने सभी वक्ताओं और प्रतिभागियों को उनके बहुमूल्य समय के लिए धन्यवाद दिया और अपने प्रेरणादायक शब्दों से कहा “आकाश सीमा नहीं, एक शुरुआत है।”



