मुख्यमंत्री धामी ने 11 हजार उपनल कर्मचारियों को दी सौगात
समान कार्य के लिए समान वेतन के दायरे का किया विस्तार, कैबिनेट बैठक में हुआ फैसला

देहरादून: उत्तराखंड के हजारों उपनल कर्मचारियों को धामी सरकार ने बड़ी राहत दी है, जिसके तहत समान कार्य के लिए समान वेतन के दायरे का विस्तार कर दिया गया है। कैबिनेट बैठक में इस संबंध में महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। कैबिनेट ने नैनीताल हाईकोर्ट के आदेश और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप समान कार्य-समान वेतन के लिए निर्धारित पात्रता की कट ऑफ डेट को संशोधित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी।
बता दें कि अब तक उपनल कर्मचारियों को समान कार्य-समान वेतन का लाभ देने के लिए 12 नवंबर 2018 की कट ऑफ डेट लागू थी। इसके तहत केवल उस तिथि तक कार्यरत कर्मचारियों को ही लाभ दिया जा रहा था, लेकिन अब कैबिनेट ने सुप्रीम कोर्ट की ओर से 15 अक्टूबर 2024 को पारित आदेश के आधार पर इस तिथि को संशोधित कर 15 अक्टूबर 2024 तक कर दिया है।
उपनल के सभी कर्मचारियों को मिलेगा समान कार्य समान वेतन: इस फैसले के बाद प्रदेश में कार्यरत सभी पात्र उपनल कर्मचारियों को अपने समकक्ष सरकारी कर्मचारियों के बराबर वेतन मिलने का रास्ता साफ हो गया है। सरकार के इस फैसले का सीधा लाभ उन हजारों कर्मचारियों को मिलेगा, जो अब तक समान वेतन के दायरे से बाहर थे।
प्रदेश में वर्तमान में करीब 22 हजार उपनल कर्मचारी विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे हैं। इनमें से लगभग 11 हजार कर्मचारियों को पहले ही समान कार्य-समान वेतन का लाभ मिल चुका है। वहीं, अब बाकी 11 हजार से ज्यादा कर्मचारियों को भी इस व्यवस्था में शामिल कर लिया गया है। सरकार की मानें तो कर्मचारियों को मिलने वाली बढ़ी हुई वेतन राशि चरणबद्ध तरीके से प्रदान की जाएगी।



