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सौड़ा सरौली में सुरक्षा दीवारों का निर्माण पूर्णता की ओर, कलिंगा नहर बहाल होने से किसानों को मिली राहत

मुख्यमंत्री की मॉनिटरिंग में राहत एवं पुनर्निर्माण कार्य तेज, मालदेवता में आवागमन सुरक्षित

देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सतत मार्गदर्शन एवं जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान के निर्देशन में मालदेवता, सौड़ा सरौली तथा आसपास के आपदा प्रभावित क्षेत्रों में राहत, पुनर्निर्माण एवं सुरक्षा कार्य युद्धस्तर पर संचालित किए जा रहे हैं। जिला प्रशासन द्वारा क्षतिग्रस्त सड़कों के पुनर्निर्माण, सुरक्षा दीवारों के निर्माण तथा नदी तटों के संरक्षण संबंधी कार्यों में तेजी लाते हुए प्रभावित क्षेत्रों में आवागमन को सुरक्षित एवं सुचारु बनाया जा रहा है।

गत मंगलवार को हुई भारी वर्षा के कारण रायपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत अनेक सड़क मार्ग एवं सुरक्षा संरचनाएं क्षतिग्रस्त हो गई थीं। स्थिति का स्वयं स्थलीय निरीक्षण करने के उपरांत जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने संबंधित विभागों को तत्काल प्रभाव से पुनर्स्थापन एवं सुरक्षा कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के परिणामस्वरूप अधिकांश आवश्यक कार्य निर्धारित समय में पूर्ण कर लिए गए हैं।

जिला प्रशासन द्वारा संवेदनशील स्थलों पर निर्मित सुरक्षा उपायों की निरंतर निगरानी की जा रही है। सुरक्षा दीवारों पर लगाए गए जाल तथा अन्य सुरक्षात्मक व्यवस्थाओं का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है, ताकि लगातार हो रही वर्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की संभावना को न्यूनतम किया जा सके तथा स्थानीय नागरिकों की आवाजाही निर्बाध बनी रहे।

लगातार वर्षा के कारण सोंग नदी के बढ़े जलस्तर से मालदेवता स्थित कलिंगा नहर भी क्षतिग्रस्त हो गई थी। सिंचाई विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नहर का पुनर्निर्माण पूर्ण कर लिया है, जिससे किसानों को पुनः सिंचाई हेतु पर्याप्त जल उपलब्ध होने लगा है। इसके अतिरिक्त प्रशासन द्वारा पोकलैंड एवं जेसीबी मशीनों के माध्यम से नदी का चौनलाइजेशन कार्य भी युद्धस्तर पर कराया जा रहा है। नदी के बहाव को नियंत्रित करने तथा संभावित क्षति को कम करने के उद्देश्य से संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा आपदा प्रभावित क्षेत्रों में राहत, बचाव एवं पुनर्निर्माण कार्यों की निरंतर मॉनिटरिंग की जा रही है। जिला प्रशासन भी विभिन्न विभागों के साथ प्रभावी समन्वय स्थापित करते हुए राहत एवं पुनर्वास कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता के आधार पर धरातल पर संचालित कर रहा है।

अपर जिलाधिकारी के.के. मिश्रा ने बताया कि अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त सड़क मार्गों एवं सुरक्षा दीवारों के पुनर्निर्माण का कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी के निर्देशन में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) द्वारा क्षतिग्रस्त सड़क मार्गों एवं सुरक्षा दीवारों का निर्माण कराया गया है, जबकि मालदेवता क्षेत्र में लोक निर्माण विभाग द्वारा क्षतिग्रस्त स्थलों के पुनर्स्थापन का कार्य पूरा कर लिया गया है। इसके साथ ही सिंचाई विभाग द्वारा कलिंगा नहर का पुनर्निर्माण भी पूर्ण कर लिया गया है, जिससे क्षेत्र के किसानों को सिंचाई जल की समस्या से राहत मिल गई है।

जिलाधिकारी ने मानसून अवधि के दौरान सभी संवेदनशील क्षेत्रों की सतत निगरानी जारी रखने तथा जनसुरक्षा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए आवश्यकता पड़ने पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है।

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